धर्मं

30 अक्टूबर

कोलकाता, 30 अक्टूबर, 2017 ई. राष्ट्रीय तिथि 8 कार्तिक शके 1939, हिजरी 9 सफर 1439, बंगला 14 कार्तिक 1424, विक्रमीय संवत् 2074, कार्तिक शुक्ल पक्ष दशमी 10, सोमवार घं. 19/04, धनिष्ठा नक्षत्र घं.6/44, वृदि्ध योग घं. 19/28, तैतिलकरण, दिनमान घटी 27/48, सूर्योदय घं. 5/40, सूर्यास्त घं. 17/00, चन्द्राेदय घं. 13/48, चन्द्र कुम्‍भ का। पंचक। रवि योग अहोरात्र।
मेष – कोई प्रसन्नतादायक समाचार की प्राप्ति संभव है, कर्मक्षेत्र में कुछ नये-नये संपर्क बन सकते हैं, दिन सुखद रहेगा।
वृष – पूरी निष्ठा के साथ चल रहे प्रयासों को गति प्रदान करने की चेष्टा करें, दिन सफलतादायक रहने की आशा है।
मिथुन – चल रही समस्या में सुधार थोड़े प्रयास से संभव है, अपनों के राय- परामर्श में रहें, दिन सामान्य रहेगा।
कर्क – कोई भी निर्णय सोच- समझकर अपनों के राय परामर्श में लें, दिन परेशानीभरा हो सकता है, वाद- विवादों से बचें।
सिंह – प्रगति प्रधान दिन बने रहने की आशा है, पूरी निष्ठा के साथ कर्मक्षेत्र से जुड़े रहें, परिवार में शांति रहेगी।
कन्या – बकाया भुगतान थोड़े प्रयास से संभव है, दिन लाभदायक रहने की आशा है, कर्मक्षेत्र में पूरा ध्यान लगाएं।
तुला –​ किसी आत्मीय के सहयोग से चल रहीं समस्याओं के समाधान संभव हैं, राहत का अनुभव करेंगे, दिन सामान्य रहेगा।                                                                                                                                                                 वृश्चिक –  कोई पारिवारिक समस्या चिंता का कारण बन सकती है, तनावमुक्त रहते हुए धैर्य से काम लें, वाद- विवाद से बचें।
धनु – दिन लाभदायक रहने की आशा है, रुका काम थोड़े प्रयास से संभव है, काम में ध्यान लगाएं, मन प्रसन्न रहेगा।
मकर – किसी मांगलिक प्रयास में सफलता संभव है, कर्मक्षेत्र में अनुकूलता का अनुभव कर सकते हैं, आनंदित रहेंगे।
कुंभ –  सामान्य दिन बने रहने की आशा है, थोड़ा सा प्रयास आपको समस्यामुक्त कर सकता है, काम में ध्यान लगाएं।
मीन – दिन खर्च प्रधान बने रहने की आशा है, मन में कभी-कभी खिन्नता का अनुभव कर सकते हैं, तनाव से बचें, धैर्य रखें।
भाग्यांक – सोना, चांदी, दलहन, रेशम, सरसों तेल, रिफाइन तेल, वनस्पति घी, सुपाड़ी, कत्था, केमिकल्स में सामान्य तेजी की संभावना है।
भाग्यांक – 2-6-7-8
आज जिनका जन्मदिन है अगले जन्मदिन तक व्यापारिक क्षेत्र मे प्रथम चार महीने सफलतादायक रहने की आशा है, लेकिन शेष के आठ महीने बहुत संभलकर एवं पूरी सूझबूझ के साथ काम करने के होंगे। कर्मक्षेत्र के उतार-चढ़ाव से घबड़ाने के बजाय उनका डटकर मुकाबला करें, आप उन्हें अनुकूल बना पाने में सक्षम रहेंगे। व्यर्थ के वाद विवाद से बचें। समय-समय पर अपनों से राय- परामर्श लेते रहें। आर्थिक मामलों में हड़बड़ी से बचें, उधार की नीति का त्याग करें। कानूनी मामलों में पूरी सतर्कता बरतें। परिवार में शांति बनाए रखने की चेष्टा करें। विद्यार्थी लापरवाही से बचें, पढ़ाई पर पूरा ध्यान दें। कुछ व्यापारिक यात्राएं संभव हैं। स्वास्थ्य के प्रति सचेत रहें।
-डॉ. मंगल त्रिपाठी  

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